शोध अखण्डता
Meaning of research integrity / शोध अखण्डता से आशय
आज पूरा विश्व विकास के दृष्टिकोण को ध्यान में रखकर नित्य नए विकास के आयाम गढ़ने के लिए अग्रसर है और विकास के ये सोपान शोध की मज़बूत नींव पर ही खड़े होते हैं। ऐसी स्थिति में शोध अखण्डता अत्याधिक महत्त्व पूर्ण हो जाती है। शोध अखण्डता, शोधकर्त्ता के शोध कार्य के प्रति दृष्टिकोण पर निर्भर करती है। और उम्मीद करती है कि शोध कर्त्ता कर्त्तव्य निष्ठ, ईमानदार, जिम्मेदार और कार्य को पारदर्शी ढंग से परिपूर्ण करने वाला होगा वह अपने शोधकार्य के प्रति इतना समर्पित होगा कि उसका कार्य विश्वसनीयता के मानदण्डों पर खरा उतरे। इसीलिये शोध अखण्डता को स्पष्ट करते हुए कहा जा सकता है की शोध अखण्डता से आशय है कि – शोध कार्य को पूर्ण करने में पेशेवर सिद्धांतों के पालन के साथ नैतिक मानदण्डों को प्रश्रय देना।
Essential elements for research integrity/शोध अखण्डता हेतु आवश्यक तत्व –
निम्न तत्वों को सम्मिलित कर शोध अखण्डता को उच्चस्तर का बनाये रखा जा सकता है। –
01 – वस्तुनिष्ठता / Research objectivity
02 – विश्वसनीयता / Reliability
03 – निष्पक्षता युक्त पारदर्शिता / Transparency with fairness
04 – साहित्यिक चोरी से अलगाव / Non-plagiarism
05 – जिम्मेदारी युक्त जवाबदेही / Meaning of accountability with responsibility
06 – स्वतन्त्रता / Independence
07 – उपयुक्त लचीला पन / Appropriate flexibility
08 – सम्यक गोपनीयता / Appropriate confidentiality
09 – उच्च नैतिक मानदण्ड / High ethical standards
10 – निष्कर्षों की जिम्मेदारी / Responsibility for findings
उक्त तथ्यों का ईमानदारी से परिपालन करके शोध अखण्डता को प्रश्रय दिया जा सकता है, शोध अखण्डता व्यक्तिगत शोधकर्त्ताओं को सामाजिक जिम्मेदारी का अहसास कराती है शोध समुदाय और शोध जगत हेतु शोध अखण्डता नींव की मज़बूत आधारशिला है। इससे जिम्मेदार आचरण निर्देशित होता है शोध प्रतिभागियों को गरिमा युक्त सम्मान प्राप्त होता है। सत्य, निष्पक्षता को आलम्ब मिलता है।

